🙏 सतनाम वाहे गुरु, गुरु पर्व की असीमित शुभकामनाएं... आप सभी पर वाहे गुरु की मेहर हो! 23 Nov 2018 🙏
Homeशिक्षाप्रद कथाएँडूबते को तिनके का सहारा (बादशाह अकबर और बीरबल)

डूबते को तिनके का सहारा (बादशाह अकबर और बीरबल)

डूबते को तिनके का सहारा (बादशाह अकबर और बीरबल)

बादशाह अकबर अपने दरबारियों और कुछ अंगरक्षकों के साथ नौका-विहार कर रहे थे| बीरबल भी उनके साथ था| नाव जब बीच नदी में पहुंची तो अकबर ने एक तिनका दिखाकर कहा – “कहते हैं डूबते को तिनके का सहारा, आज देखते हैं यह तिनका किसका सहारा बनता है| जो भी इस नदी को तिनके के सहारे पार कर लेगा मैं उसे दिल्ली का बादशाह बना दूंगा|”

“डूबते को तिनके का सहारा” सुनने के लिए Play Button क्लिक करें | Listen Audio

सभी दरबारी एक-दूसरे का मुंह देखने लगे, तभी बीरबल ने कहा – “हुजूर मैं इस तिनके के सहारे नदी पार कर सकता हूं, किन्तु बादशाह बनने के बाद|”

“हमें मंजूर है, आज के लिए तुम बादशाह हुए, मेरा राज-पाट, दरबारी, अंगरक्षक-सभी आज तुम्हारी सेवा में रहेंगे और तुम्हारी आज्ञा का पालन करेंगे|” अकबर ने कहा और वह तिनका बीरबल को दे दिया|

तिनका अब बीरबल के हाथ में था, उसने अपने अंगरक्षकों से कहा – “अब मैं तुम्हारा बादशाह हूं, उम्मीद है तुम लोग अपने कर्त्तव्यों का पालन करोगे|”

यह कहकर बीरबल नदी में कूदने को तैयार हुआ, किन्तु उसके अंगरक्षकों ने रोक लिया और कहा – “आप हमारे बादशाह हैं और हमारा कर्त्तव्य है आपकी रक्षा करना|”

बीरबल बार-बार स्वयं को छुड़ाकर नदी में कूदने की कोशिश करता रहा और हर बात अंगरक्षक पकड़कर रोक लेते| इसी कशमकश में नाव किनारे आ लगी|

“बीरबल तुम हार गए|” नाव किनारे लगने पर बादशाह अकबर ने कहा|

“नहीं हुजूर! मैं हारा नहीं हूं, मैं तो इसी तिनके के सहारे किनारे तक पहुंचा हूं| यह तिनका मेरे हाथ में नहीं होता, तो अंगरक्षक मुझे नहीं रोकते और अवश्य ही मैं डूब जाता|” बीरबल ने जवाब दिया|

बीरबल की चतुराई को अकबर समझ गए और बोले – “बीरबल तुम सचमुच जीत गए|”

Munish Ahuja Founder SpiritualWorld.co.in

Munish Ahuja Founder SpiritualWorld.co.in

नम्र निवेदन: वेबसाइट को और बेहतर बनाने हेतु अपने कीमती सुझाव कॉमेंट बॉक्स में लिखें, यह आपको अच्छा लगा हो तो अपनें मित्रों के साथ अवश्य शेयर करें। धन्यवाद।
NO COMMENTS

LEAVE A COMMENT

🙏 सतनाम वाहे गुरु, गुरु पर्व की असीमित शुभकामनाएं... आप सभी पर वाहे गुरु की मेहर हो! 23 Nov 2018 🙏